UPBOCW की मातृत्व, शिशु एवं बालिका मदद योजना महिला निर्माण श्रमिकों और श्रमिकों की पत्नियों के लिए एक महत्वपूर्ण योजना है। इस योजना के तहत प्रसव के समय आर्थिक सहायता दी जाती है।
योजना के तहत मिलने वाली सहायता
| लाभ का प्रकार | राशि |
|---|---|
| लड़के के जन्म पर | ₹20,000 |
| लड़की के जन्म पर | ₹25,000 |
| दिव्यांग शिशु के जन्म पर | ₹25,000 |
| बालिका जन्म पर FD (18 वर्ष पर) | ₹25,000 (Fixed Deposit) |
| गर्भपात / मृत शिशु की स्थिति में | ₹10,000 |
पात्रता
- महिला श्रमिक स्वयं UPBOCW में पंजीकृत हो, या
- पंजीकृत पुरुष श्रमिक की पत्नी हो।
- पंजीयन कम से कम 1 वर्ष पुराना हो।
- प्रसव किसी सरकारी या मान्यता प्राप्त निजी अस्पताल में हुआ हो।
- एक श्रमिक को अधिकतम 2 प्रसव पर लाभ मिलेगा।
बालिका को मिलने वाले अतिरिक्त लाभ
बालिका के जन्म पर ₹25,000 की Fixed Deposit बालिका के नाम पर की जाती है, जो 18 वर्ष की आयु पर ब्याज सहित बालिका को मिलती है। यह बालिका की पढ़ाई या शादी में काम आ सकती है।
आवश्यक दस्तावेज़
- UPBOCW पंजीयन प्रमाणपत्र
- माता का आधार कार्ड
- शिशु का जन्म प्रमाण पत्र
- अस्पताल का डिस्चार्ज सर्टिफिकेट
- बैंक पासबुक
- पासपोर्ट साइज फोटो (माता और शिशु)
आवेदन कब करें?
प्रसव के बाद 1 वर्ष के भीतर आवेदन करना अनिवार्य है। देरी से आवेदन अस्वीकृत हो सकता है।
आवेदन की प्रक्रिया
- UPBOCW पोर्टल पर लॉगिन करें।
- योजना आवेदन में "मातृत्व, शिशु एवं बालिका मदद योजना" चुनें।
- सभी विवरण भरें और दस्तावेज़ अपलोड करें।
- Submit करें।
⚠️ ध्यान दें: आवेदन सत्यापन के बाद राशि DBT द्वारा बैंक खाते में भेजी जाती है। बैंक खाता आधार से लिंक होना अनिवार्य है।